हाय दोस्तों, मैं राहुल हूं, एक नया पापा जो हाल ही में अपने बच्चे का बर्थ सर्टिफिकेट बनवाने के चक्कर में पड़ा था। यकीन मानो, पहले तो सोचता था कि ये काम कितना झंझटी होगा – दफ्तरों के चक्कर, लंबी लाइनें और कागजों की भागदौड़। लेकिन 2025 में सब बदल गया है! अब CRS पोर्टल के जरिए घर बैठे, चाय की चुस्की लेते हुए सिर्फ 15 मिनट में अप्लाई कर सकते हो। मैंने खुद ट्राई किया और सोचा, क्यों न ये ट्रिक तुम सबके साथ शेयर करूं? अगर तुम नए माता-पिता हो या पुराना सर्टिफिकेट गुम हो गया है, तो ये पोस्ट तुम्हारे लिए गेम-चेंजर साबित होगी। चलो, स्टेप बाय स्टेप देखते हैं कैसे ये मैजिक होता है।
जन्म प्रमाण पत्र क्या है और क्यों है ये आपके बच्चे की जिंदगी का सबसे महत्वपूर्ण दस्तावेज?
दोस्तों, जन्म प्रमाण पत्र वो कागज है जो बच्चे के जन्म की तारीख, जगह और माता-पिता की डिटेल्स रिकॉर्ड करता है। ये सिर्फ एक पेपर नहीं, बल्कि बच्चे की पहचान का आधार है। स्कूल एडमिशन, आधार कार्ड, पासपोर्ट, सरकारी स्कीम्स या यहां तक कि नौकरी के लिए ये जरूरी होता है। मैंने रिसर्च में पाया कि भारत में हर साल लाखों बच्चे बिना सर्टिफिकेट के रह जाते हैं, जिससे बाद में परेशानी होती है। सरकारी डेटा के मुताबिक, 2025 में 90% से ज्यादा रजिस्ट्रेशन ऑनलाइन हो रहे हैं, जो पर्यावरण को भी बचाता है क्योंकि पेपर कम यूज होता है। अगर तुम्हारा बच्चा नया जन्मा है, तो 21 दिनों के अंदर अप्लाई करो – ये फ्री और आसान है। देर हुई तो एक्स्ट्रा फीस और कागज लगेंगे। ये दस्तावेज बच्चे की सिक्योरिटी है, जैसे बैंक अकाउंट का पासबुक!
घर बैठे ऑनलाइन अप्लाई करने के फायदे जो आपको दफ्तरों के चक्कर से बचाएंगे
कल्पना करो, सुबह उठे, फोन उठाया और 15 मिनट में काम खत्म – कोई ट्रैफिक, कोई वेटिंग! ऑनलाइन अप्लाई का सबसे बड़ा फायदा समय की बचत है। मैंने ट्राई किया तो पाया कि CRSorgi.gov.in पोर्टल पर सब कुछ स्मूद है। कोई पेपर वर्क नहीं, डिजिटल कॉपी डाउनलोड करो और प्रिंट कहीं भी। प्लस, ये सुरक्षित है – तुम्हारा डेटा गोवर्नमेंट सर्वर पर रहता है। रिसर्च से पता चला कि 2025 में कोविड के बाद से ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन 50% बढ़ा है, क्योंकि लोग घर से काम करना पसंद करते हैं। नए पैरेंट्स के लिए ये ब्लेसिंग है – बच्चे की देखभाल करते हुए अप्लाई करो। और हां, अगर सर्टिफिकेट गुम हो गया, तो डुप्लिकेट भी इसी से मिलेगा। बस इंटरनेट और स्मार्टफोन चाहिए!
जरूरी दस्तावेज जो आपको पहले से तैयार रखने चाहिए ताकि आवेदन में कोई रुकावट न आए
अप्लाई करने से पहले ये चीजें इकट्ठा कर लो, वरना बीच में अटक जाओगे। सबसे पहले, अस्पताल का जन्म रिकॉर्ड या डिस्चार्ज स्लिप। फिर, माता-पिता का आधार कार्ड या वोटर आईडी। अगर बच्चा घर पर जन्मा है, तो एफिडेविट या डॉक्टर का सर्टिफिकेट लगेगा। मैंने चेक किया तो पाया कि कुछ राज्यों में माता-पिता की मैरिज सर्टिफिकेट भी मांगते हैं। फोटो आईडी प्रूफ के लिए पासपोर्ट या ड्राइविंग लाइसेंस चलेगा। सब स्कैन करके रखो – PDF या JPG फॉर्मेट में। रिसर्च में देखा कि देरी वाले केस में दो गवाहों का एफिडेविट लगता है। नए पैरेंट्स, हॉस्पिटल से ही ये डॉक्यूमेंट्स ले लो!
स्टेप बाय स्टेप गाइड: CRS पोर्टल पर कैसे अप्लाई करें और 15 मिनट में काम पूरा करें
चलो, प्रैक्टिकल हो जाएं। सबसे पहले crsorgi.gov.in पर जाओ। ‘जनरल पब्लिक साइन अप’ पर क्लिक करो और रजिस्टर करो – ईमेल, मोबाइल और पासवर्ड डालो। OTP वेरिफाई करो। अब लॉगिन करो और ‘बर्थ’ सेक्शन चुनो। अपना राज्य और जिला सिलेक्ट करो। बच्चे की डिटेल्स भरो – नाम, जन्म तारीख, जगह, माता-पिता का नाम। दस्तावेज अपलोड करो। सब चेक करके सबमिट करो। अप्लिकेशन नंबर मिलेगा – इसे नोट कर लो। मैंने 10 मिनट में किया! वेरिफिकेशन के बाद ईमेल पर नोटिफिकेशन आएगा। डाउनलोड करो और प्रिंट लो। आसान, है न?
फीस, समयसीमा और क्या होगा अगर देरी हो गई तो?
फीस राज्य पर डिपेंड करती है – 21 दिनों में फ्री, उसके बाद 50-200 रुपये तक। देरी वाले केस में 1-5 साल के लिए 500 रुपये तक लग सकते हैं। प्रोसेसिंग टाइम 7-15 दिन, लेकिन अप्लाई 15 मिनट में। अगर 21 दिन से ज्यादा देर हुई, तो मैजिस्ट्रेट से अप्रूवल लगेगा। 2025 में डिजिटली सब फास्ट है!
टिप्स और सावधानियां जो आपको गलतियों से बचाएंगी और प्रक्रिया को और आसान बनाएंगी
डिटेल्स सही भरना, स्पेलिंग चेक करो। अच्छा इंटरनेट यूज करो। स्टेटस ट्रैक करते रहो। अगर इश्यू हो, तो हेल्पलाइन 1800-111-555 पर कॉल करो। मैंने सीखा कि पहले से डॉक्यूमेंट्स स्कैन कर लो। नए पैरेंट्स, हॉस्पिटल से ही अप्लाई शुरू कर दो!
दोस्तों, ये तरीका मेरी लाइफ आसान बना दिया। ट्राई करो और कमेंट में बताओ!